मध्य प्रदेश जन अभियान परिषद संभाग भोपाल द्वारा बुधवार को संवाद योजनांतर्गत संभाग स्तरीय महर्षि अरविंद जयंती व्याख्यान माला (पखवाड़ा) के अवसर पर व्याख्यानमाला का आयोजन क्षेत्रीय शिक्षण संस्थान भोपाल में किया गया। कार्यक्रम क़ी अध्यक्षता मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के उपाध्यक्ष/ राज्यमंत्री दर्जा मोहन नागर ने की।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि परिषद की शासी निकाय के सदस्य डॉ. ओमप्रकाश सोनी, मुख्य वक्ता अरविंद सोसाइटी के अध्यक्ष मनोज शर्मा, विशिष्ट अतिथि परिषद के कार्यपालक निदेशक डॉ. बकुल लाड़, क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान के प्राचार्य प्रो. शिवकुमार गुप्ता, परिषद के सलाहकार करण सिंह कौशिक, संभाग समन्वयक वरुण आचार्य थे।
कार्यक्रम का शुभारंभ उपस्थित अतिथियों द्वारा महर्षि अरविंद के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन कर किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता परिषद के उपाध्यक्ष मोहन नागर द्वारा महर्षि अरविंद के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि महर्षि अरविंद द्वारा अखंड भारत की संकल्पना की गई थी जो कि निश्चित साकार होगी। अरविंद भारत की दार्शनिक एवं आध्यात्मिक चेतना के प्रतीक थे। उन्होंने विद्यार्थियों से महापुरुषों के जीवन चरित्र का अध्ययन कर उनसे प्रेरणा प्राप्त करने की बात कही ।
मुख्य वक्ता मनोज शर्मा ने अपने उद्बोधन में कहा कि महर्षि अरविंद के जीवन वृत्त पर बताया कि अरविंद ने संपूर्ण जीवन को ही योग बताया है। मानव जीवन का विश्लेषण अरविंद से उपयुक्त किसी ने नहीं किया। जीवन में यदि कष्ट आते हैं तो वह व्यक्ति को श्रेष्ठकर बनाने के लिए आते हैं। भारत देश को केवल जड़ पदार्थ ना मानते हुए अरविंद में कहा कि स्पष्ट रूप से इस देश को माँ के रूप में मानता हूँ ।
कार्यपालक निदेशक डॉ. बकुल लाड़ ने कार्यक्रम आयोजन के उदेश्य एवं जन अभियान परिषद द्वारा किये जा रहे कार्यों के संबंध में विस्तार पूर्वक जानकारी दी।
मुख्य अतिथि डॉ. ओमप्रकाश सोनी जी ने अपने उद्बोधन में बताया अरविंद ने कहा था भारत का उत्थान होगा तो सनातन का भी उत्थान होगा । युवाओं को अरविंद के जीवन से प्रेरणा लेकर आगे बढ़ने हेतु आह्वान किया। संभाग समन्वयक वरूण आचार्य द्वारा उपस्थित अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट किये गये। कार्यक्रम का संचालन जिला समन्वयक कोकिला चतुर्वेदी एवं आभार संस्थान के सौरभ कुमार द्वारा किया गया।



