कलेक्टर विश्वकर्मा ने मुख्यमंत्री के निर्देशों के परिपालन में जिले में कार्यवाही करने के अधिकारियों को दिए निर्देश
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा मंत्रालय भोपाल में वीडियो कॉफ्रेंस के माध्यम से प्रदेश में उर्वरक वितरण, अतिवृष्टि एवं बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों की समीक्षा कर कलेक्टर्स तथा वरिष्ठ अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। रायसेन में कलेक्ट्रेट कार्यालय स्थित वीसी कक्ष से कलेक्टर अरूण कुमार विश्वकर्मा, पुलिस अधीक्षक पंकज पाण्डे सहित संबंधित अधिकारी वीडियो कॉफ्रेंस में सम्मिलित हुए। वीडियो कॉफ्रेंस के उपरांत मुख्यमंत्री डॉ यादव के निर्देशों के परिपालन में कलेक्टर विश्वकर्मा द्वारा संबंधित जिला अधिकारियों तथा सभी एसडीएम को मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुरूप जिले में कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कृषि अधिकारी और सभी एसडीएम को निर्देश दिए कि जिले में उर्वरक वितरण में किसी प्रकार की अव्यवस्था ना हो। विक्रय केन्द्रों पर किसानों की संख्या अधिक होने पर अतिरिक्त काउंटर की व्यवस्था की जाए। कलेक्टर विश्वकर्मा ने निर्देशित किया कि जिले में उर्वरकों की कालाबाजारी ना हो या नकली उर्वरक विक्रय ना हो, इसके लिए अधिकारी निरंतर निजी उर्वरक विक्रय प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर उर्वरकों के सैम्पल लेकर जांच के लिए भेजे। साथ ही स्टॉक रजिस्टर, विक्रय रजिस्टर आदि की भी जांच करें। कलेक्टर विश्वकर्मा ने बाढ़ एवं आपदा प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले में कहीं भी बाढ़ या जलभराव होने की सूचना प्राप्त होने पर तुरंत कार्यवाही प्रारंभ की जाए। इसी प्रकार समीपस्थ जिलों से डेम के गेट खोले जाने की जानकारी प्राप्त होते ही तुरंत वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराएं। साथ ही प्रभावित क्षेत्र के नागरिकों को भी विभिन्न माध्यमों से सूचना दी जाए, जिससे कि अव्यवस्था ना बने। उन्होंने सभी एसडीएम को निर्देश दिए कि नदियों के जल स्तर पर सतत् निगरानी बनी रहे तथा जल स्तर बढ़ने पर सूचित किया जाए। कलेक्टर विश्वकर्मा ने जिले में मूंग उपार्जन कार्य की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को उपार्जन केन्द्रों का नियमित निरीक्षण करने के निर्देश देते हुए कहा कि शासन के निर्धारित मापदण्डों के अनुरूप ही खरीदी की जाए। साथ ही किसानों को राशि भुगतान की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण कराई जाए। बैठक में संबंधित जिला अधिकारी और वीसी के माध्यम से सभी एसडीएम सम्मिलित हुए।